Friday, July 17, 2026
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एक रौशनी अंधेरे में

“स्त्री दर्पण ” रेणु के जीवन पर आधारित नाटक” ठुमरी की आवाज “और महादेवी वर्मा के जीवन पर आधारित नाटक “हिंदी की दीपशिखा पेश करने के बाद मुक्तिबोध के जीवन के अंतिम दिनों पर केंद्रित नाटक “एक रौशनी अंधेरे मे” प्रस्तुत कर रहा है।.
यह नाटक जयप्रकाश द्वारा लिखितमुक्तिबोध की जीवनी पर आधारित है ।
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परिकल्पना एवम
आलेख :अरविंद कुमार
ध्वनि संयोजन -नवोदिता

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पात्र परिचय

उद्घोषिका – सुधा तिवारी

लाल बहादुर शास्त्री – प्रकाश चंद्रायन

मुक्तिबोध -राजीव कुमार शुक्ल
नेमिचन्द जैन — जयप्रकश
श्रीकांत वर्मा – पंकज मित्र
बच्चन– संजय कुंदन

रघुवीर सहाय – प्रकाश व्यास
शास्त्री जी के
निजी सचिव – नितिन गुप्ता
डॉक्टर– सिद्धांत व्यास
विनोद –शांतुनु (पाशा)
रमेश – गौरव दुबे
शांता –वसुंधरा व्यास

युवा शांता- अनुराधा ओस
रेखा जैन- रीता दास राम
मुक्तिबोध की मां- कल्पना मनोरमा

डॉक्टर –सिद्धांत व्यास
महिला वाचिका एवम
कविता पाठ – -नवोदिता
अंतिम कविता-अजय रोहिल्ला
समाचार वाचिका -पारुल बंसल

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